उत्तराखंड(देहरादून),रविवार 23 फ़रवरी 2026
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि हिन्दू सम्मेलन का आयोजन मात्र एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि हिंदू समाज की चेतना, एकता और आत्मगौरव का महापर्व है। हिंदू समाज आज जागृत, संगठित और अपने धर्म-संस्कृति के संरक्षण के लिए समर्पित भाव से आगे बढ़ रहा है। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में देशभर में इस प्रकार के सम्मेलन आयोजित किए जा रहे हैं।
मुख्यमंत्री धामी रविवार को बालावाला क्षेत्र में आयोजित विराट हिंदू सम्मेलन काे संबाेधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि विश्व के सबसे बड़े स्वयंसेवी संगठन से जुड़ाव उनके लिए गर्व का विषय है। संघ ने बीते एक शताब्दी में देश के सांस्कृतिक मूल्यों को पुनर्जीवित कर राष्ट्रभक्ति की भावना को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य किया है। शिक्षा, कृषि, ग्राम विकास, समाज कल्याण, महिला सशक्तिकरण, आदिवासी उत्थान, सेवा, कला और विज्ञान सहित विभिन्न क्षेत्रों में स्वयंसेवकों का योगदान उल्लेखनीय रहा है। विविधताओं से भरे भारत में संघ ने सदैव भेदभाव से ऊपर उठकर ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ की भावना को सशक्त किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार देवभूमि के मूल स्वरूप को अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए निरंतर प्रयासरत है। धर्मांतरण विरोधी कानून, दंगारोधी कानून और ‘ऑपरेशन कालनेमी’ जैसे कदमों से कानून व्यवस्था को सुदृढ़ किया गया है। उन्होंने कहा कि समान नागरिक संहिता लागू कर सभी को समान अधिकार देने, मदरसा बोर्ड को समाप्त कर समान शिक्षा व्यवस्था को बढ़ावा देने तथा ‘हिंदू स्टडी सेंटर’ की स्थापना जैसे निर्णय राज्य की सांस्कृतिक और सामाजिक दिशा को मजबूत करेंगे। इस अवसर पर विधायक बृज भूषण गैरोला, पार्षद प्रशांत खरोला सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और नागरिक उपस्थित रहे।