उत्तराखंड(देहरादून),सोमवार 02 नवंबर 2026
विरासत में आज सुबह प्रथम सत्र के दौरान स्कूली बच्चों की क्राफ्ट वर्कशॉप का आयोजन किया गया, जिसमें कि भिन्न-भिन्न स्कूलों से आए हुनरमंद बच्चों ने नाना प्रकार की कलाकृतियां दिखाते हुए सभी को दांतो तले उंगलियां दबाने पर मजबूर कर दिया।
विरासत के मंच पर बच्चों द्वारा की गई भिन्न-भिन्न प्रकार की बहुत ही आकर्षक कला कृतियां बहुत ही आकर्षक और भाव्यात्मक देखते ही प्रतीत हो रही थीं। विरासत महोत्सव-2026 के अंतर्गत मास्टर शिल्पकारों के साथ यह हस्तशिल्प कार्यशालाओं का आयोजन किया गया, जिनमें पाँच भिन्न-भिन्न स्कूलों के 80 प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इन कार्यशालाओं का मुख्य उद्देश्य सभी प्रतिभागियों को पारंपरिक भारतीय कला और शिल्प से परिचित कराना तथा उन्हें विभिन्न हस्तशिल्प विधाओं को सीखने और आजमाने का अवसर प्रदान करना रहा।
कार्यशालाओं में ऐपन कला, सांझी कला, टेराकोटा, फूल बनाने की कला तथा टाई-एंड-डाई की विधाओं को शामिल किया गया। मास्टर शिल्पकारों के मार्गदर्शन में प्रतिभागियों ने इन पारंपरिक कलाओं की बारीकियों को समझा और रचनात्मक गतिविधियों में हिस्सा लिया। मुख्य बात यह है कि इन कार्यशालाओं ने प्रतिभागियों को भारतीय हस्तशिल्प परंपराओं से जुड़ने और अपनी कलात्मक प्रतिभाओं को निखारने का अवसर प्रदान किया और सभी का हौसला भी बढ़ाया।